हौसला ही नहीं रहा अब उनको मनाने का फिर से उन टूट हुए सपनों को, सजाने का शाम खामोश खड़ी है घर की दहलीज़ पर वक़्त हो चला है उनकी यादों के आने का
ये खिलौना बहुत पुराना हो गया तुम अब भी खेल रहे हैं तुम मोहब्बत के नाम पर हमसे क्यों झूठ बोल रहे हो और हमें पता है तुम दोबारा क्यों आए हो जिंदगी में मेरी पहले जिस्म को मारा था अब रूह में जहर घोल रहे हो
प्यार जो किसी से करोगे रुस्वाई ही मिलेगी वफ़ा जितनी भी करोगे बुराई ही मिलेगी चाहे किसी को कितना भी अपना बना लो जब भी आँख खुलेगी तन्हाई ही मिलेगी😕
तुमको बेवफा कहना गवारा नहीं मुझे तुमसे गिला करना गवारा नहीं मुझे तुम जा रहे हो तो जाओ सदा खुश रहो तुम्हे बद्दुआ देना गवारा नहीं मुझे🙏
कौन अपना कौन पराया बुरे वक्त ने सब बताया😓
मेरी यादें,मेरा चेहरा,मेरी बातें रुलायेंगी हिज़्र के दौर में गुज़री मुलाकातें रुलायेंगी दिन तो चलो तुम काट भी लोगे फसानों में जहाँ तन्हा रहोगे तुम तुम्हें रातें रुलायेंगी🥹
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दुआ मांगी थी आशियाने की चल पड़ीं आंधियां ज़माने की मेरा गम न कोई समझ पाया क्यू कि आदत थी मुस्कराने की
किसे ढूंढ रहे हो अब तुम यूं इस गुमनाम सी रुह में वो लफ़्ज़ों में जीने वाले भी अब खामोशी में रहते हैं
जाना किधर था ना जाने कहां बढ़ रहा हूं दूसरों की किस्मत लिखनी थी खुद की लकीरें पढ़ रहा हूं गुस्सा सबसे हूं पर खुद से लड़ रहा हूं हासिल तो नहीं किया कुछ फिर क्या खोने से डर रहा हूं इन धड़कनो पर मत जाओ जिंदा हूं मगर अंदर से मर रहा हूं
बहुत नजदीक हो के भी वो इतना दूर है मुझसे इशारा हो नहीं सकता पुकारा जा नहीं सकता
कभी किसी के दिल से खिलवाड़ मत करना कभी किसी के दिल का दर्द मत बनना जो न दे सको किसी का साथ जिंदगी भर कभी किसी से झूठा प्यार मत करना😔🙏
आप जिसको समझ नहीं सकते उसके आगे की दास्तां हूं मैं🙏
जहाँ ये शब्द कुछ कह नहीं सकते वहाँ संगीत जताता है आंखों में छिपा दर्द तेरा किरदार बताता है
तुझ से जो इश्क़ है वो बेहद है क्यूँकि हद और सरहद ज़मीं की होती है दिल की नहीँ
जाने क्यों ये ज़िन्दगी अब, पीछे छूटती जा रही है आँखें सच बोलने लगी हैं और आवाज़ रूठती जा रही है
किस्मत की किताब लिखने वाले मेरे नसीब में दो या चारगर्लफ्रेंड भी लिख देता😢
जिंदगी बहुत कुछ सिखाती है कभी हँसाती है तो कभी रुलाती है पर जो हर हाल में खुश रहते हैं जिंदगी उन्ही के आगे सर झुकाती है


🙏Thanks for suggestion 🙏